मोदी सरकार की नीतियों के ख़िलाफ़ दो दिनों का भारत बंद: बाज़ार-बैंकों के काम होंगे प्रभावित
इस हड़ताल में करीब 20 करोड़ लोगों के शामिल होने की संभावना है.
मोदी सरकार की आर्थिक नीतियों के ख़िलाफ़ देशभर के मज़दूर संगठनों ने आज से दो दिनों के भारत बंद का आह्वान किया है. 8 और 9 जनवरी को देश के प्राइवेट कर्मचारी और श्रमिक हड़ताल पर रहेंगे. इस बंद को किसान संगठनों का भी समर्थन हासिल है. इस हड़ताल को कई बैंक संगठनों का भी समर्थन हासिल है, इससे दो दिन बैंक के कामकाज पर भी असर पड़ सकता है.
अमर उजाला के मुताबिक भारत बंद बुला रहे संगठनों का आरोप है कि मोदी सरकार की नोटबंदी और जीएसटी जैसे फ़ैसले ने व्यापार को चौपट कर दिया है. उनका कहना है कि सरकार कामगारों के लिए दमनकारी नीति अपना रही है.
इस भारत बंद को देश के किसानों का समर्थन भी हासिल है. अखिल भारतीय किसान सभा का कहना है कि किसानों की संपूर्ण कर्ज़माफ़ी और हर महीने 3500 रुपए मासिक बेरोजगारी भत्ता की मांग को लेकर इस आंदोलन का समर्थन कर रही है. सीआईटीयू के मुताबिक इस आंदोलन को सरकारी-प्राइवेट बैंककर्मी, लघु उद्योग से जुड़े लोगों का समर्थन हासिल है. इस हड़ताल में कुल 20 करोड़ लोगों के शामिल होने की संभावना है.