पुलवामा घटना के बाद उन जवाबदारों का बयान पढ़ लेना चाहिए- जो कहते थे “मोदी प्रधानमंत्री होते तो लाहौर तक पहुंच गए होते”
आतंकवाद की घटनाओं और सीमा पर मारे जा रहे जवानों के आंकड़ों को देखें तो यह सरकार इस मामले में पूरी तरह विफल नज़र आ रही है.
आतंकवाद की घटनाओं और सीमा पर मारे जा रहे जवानों के आंकड़ों को देखें तो यह सरकार इस मामले में पूरी तरह विफल नज़र आ रही है.