मध्यप्रदेश: सरकारी सहायता प्राप्त छात्रावास में एक छात्रा की मौत, फूड पॉइज़िनिंग बताई जा रही वजह
शाम का खाना खाने के बाद आठ छात्राओं की देर रात तबीयत खराब हुई थी।
शिव ‘राज’ में मिड-डे मील को लेकर शिकायतें तो आती ही हैं। राज्य में कई बार बच्चों को फूड पॉइज़िनिंग का शिकार भी होना पड़ता है। लेकिन इस बार मामला सरकारी सहायता प्राप्त हॉस्टल में फूड पॉइजिनिंग की वजह से एक छात्रा की मौत हो जाने का है। आरोप है कि हॉस्टल प्रबंधन की लापरवाही से छात्रा को फूड पॉइज़िनिंग का शिकार होना पड़ा।
ईनाडु इंडिया की एक रिपोर्ट के मुताबिक मध्यप्रदेश के इंदौर ज़िले के एक सरकारी अनुदान प्राप्त छात्रावास में करीब आठ छात्राओं की तबीयत खराब हो गई। आनन-फानन में छात्राओं को निजी अस्पताल ले जाया गया जहां इलाज के दौरान एक बारहवीं की छात्रा की मौत हो गई जबकि एक छात्रा की हालत अभी भी नाजुक बनी हुई है। फूड पॉइजिनिंग ही छात्रा की मौत की वजह बताई जा रही है।
गौरतलब है कि शाम का खाना खाने के बाद आठ छात्राओं की देर रात तबीयत खराब हुई थी। तबीयत खराब होने के बावजूद हॉस्टल प्रशासन लड़कियों को अस्पताल ले जाने के बजाय उनका वहीं इलाज करता रहा। सुबह के वक्त जब उनकी तबीयत अधिक बिगड़ गई तो फिर उन्हें आनन-फानन में अस्पताल ले जाया गया।
मृतक छात्रा रौशनी कि पिता का आरोप है कि जिन छात्राओं ने खाना खाया, उनकी ही तबीयत बिगड़ी है। वहीं हॉस्टस प्रबंधन इस लापरवाही से इनकार कर रहा है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है।