सिलीगुड़ी: BSF जवानों ने बीफ़ रखने के आरोप में मुस्लिम परिवार के दो लोगों को बुरी तरह मारा
भारत-बांग्लादेश सीमा पर तैनात सीमा सुरक्षा बल के 171वीं बटालियन के जवानों पर आरोप है कि उन्होंने 62 वर्षीय गयासुद्दीन और उनके बेटे अनवारुल को अपने कैंप में ले जाकर पिटाई की.
भीड़ की हिंसा का एक ताजा मामला सामने आया है. पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी में बीफ़ रखने के आरोप में मुस्लिम परिवार के दो लोगों की सीमा सुरक्षा बल के जवानों ने कथित तौर पर पिटाई की है.
कारवां डेली की रिपोर्ट के मुताबिक यह घटना बीते 5 मई की है. भारत-बांग्लादेश सीमा पर तैनात सीमा सुरक्षा बल के 171वीं बटालियन के जवानों पर आरोप है कि उन्होंने 62 वर्षीय गयासुद्दीन और उनके बेटे अनवारुल को अपने कैंप में ले जाकर पिटाई की.
यह घटना सिलिगुड़ी के इस्लामपुर में श्रीपुर बाजार की है. गयासुद्दीन अपने भाई तमीजुद्दीन और बेटे अनवारुल के साथ बाजार से लौट रहे थे. परिवार में एक शादी समारोह के लिए उन्होंने मांस खरीद रखा था. बीच रास्ते में सीमा सुरक्षा बल के जवानों ने उन्हें रोका और हाथापाई करने लगे. इसके बाद उन्हें कथित तौर पर इन लोगों के पास बीफ़ मिली, जिसके बाद बीएसएफ जवानों ने उन्हें अपने कैंप में लेकर गए. जब बीएसएफ जवानों ने गयासुद्दीन और अनवारुल की पिटाई शुरू की, तमीजुद्दीन भागने में कामयाब रहा. इसके बाद तमीजुद्दीन ने ग्वालपोखर पुलिस स्टेशन में रिपोर्ट दर्ज कराई.
कारवां डेली की रिपोर्ट के मुताबिक गयासुद्दीन और अनवारुल गंभीर रूप से जख़्मी हैं और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है. स्थानीय लोगों ने बीएसएफ जवानों के ख़िलाफ़ प्रदर्शन करने की योजना बनाई है.
मिल्लत टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक बुधवार, 8 मई को बीएसएफ जवानों के ख़िलाफ़ होने वाले प्रदर्शन में स्थानीय नेता शरीक होने वाले हैं. स्थानीय विधायक और राज्य सरकार में मंत्री ग़ुलाम रब्बानी, पूर्व विधायक मोहम्मद सलीम, वरिष्ठ राजेता मसूद मोहम्मद नसीम असहान और ग़ुलाम रसूल को भी इस प्रदर्शन में हिस्सा लेने के लिए बुलाया गया है.