मोदी को हराने के लिए कांग्रेस और जदएस का साथ होना ज़रूरी- राहुल गांधी
दोनों पार्टियों का मुख्य लक्ष्य ‘मोदी को हराना है.
कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने रविवार को कर्नाटक के नेताओं और कार्यकर्ताओं से लोकसभा चुनाव में मोदी सरकार को शिकस्त देने के लिए मिलकर संघर्ष करने का आह्वान किया.
गांधी की यह टिप्पणी उन खबरों की पृष्ठभूमि में आई है जिनमें दावा किया गया है कि कई निर्वाचन क्षेत्रों में कांग्रेस एवं जदएस के स्थानीय नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच गहरी नाराजगी है. ये दोनों पार्टियां मिलकर चुनाव लड़ रही हैं.
उन्होंने कांग्रेस कार्यकर्ताओं और नेताओं से जदएस प्रत्याशी के लिए काम करने को कहा और इसी तरह की अपील जदएस कार्यकर्ताओं से की. उन्होंने कहा कि उनका (दोनों पार्टियों का) मुख्य लक्ष्य ‘मोदी को हराना है.’’
गांधी ने मोदी सरकार पर सिर्फ अमीर और अपने ‘उद्योगपति’ दोस्तों को फायदा पहुंचाने का आरोप लगाया. उन्होंने यह भी इल्जाम लगाया कि सरकार संकट से जूझ रहे किसानों की मदद के लिए कुछ नहीं कर रही है.
कांग्रेस प्रमुख ने ‘येदियुरप्पा डायरी’ का मुद्दा भी उठाया, जिसमें आरोप लगाया गया है कि पूर्व मुख्यमंत्री ने पार्टी के शीर्ष नेतृत्व को 1,800 करोड़ रुपये बतौर रिश्वत दिए.
गांधी ने डायरी में वरिष्ठ भाजपा नेताओं को भुगतान की कथित प्रविष्टियों का उल्लेख करते हुए पूछा, ‘‘ 1,800 करोड़ रुपये किसका पैसा है?’’
उन्होंने पूछा, ‘‘ ये पैसा कहां से आया है?’’
उन्होंने कहा कि यह किसानों से आया है.
येदियुरप्पा ने आरोपों का खंडन किया है जबकि आयकर विभाग ने इसे ‘जाली दस्तावेज’और मामूली कागजात बताकर खारिज किया है.