राफेल सौदा: पी चिदंबरम ने अरुण जेटली से पूछा – जब सस्ते थे तो 126 के बजाय 36 विमान क्यों खरीदे?
पूर्व वित्त मंत्री चिदंबरम ने कहा-126 विमानों के बजाय 36 विमान ख़रीदकर सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा के साथ समझौता किया है.
वित्त मंत्री अरुण जेटली लगातार यह दावा करते नज़र आते हैं कि भाजपा सरकार द्वारा किया गया राफेल सौदा यूपीए सरकार के सौदे से सस्ता है. इस दावे को लेकर पी चिदंबरम ने शनिवार को ट्वीट के जरिए जेटली पर निशाना साधा है.
पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम ने अपने ट्वीट के ज़रिये जेटली से पूछा कि अगर वर्त्तमान सौदा सस्ता है तो यह सौदा सिर्फ 36 विमानों का ही क्यों है?
उन्होंने लिखा, “वित्त मंत्री ने कहा है कि एनडीए द्वारा किये गए राफेल सौदे में विमानों की कीमत 9 या 20 प्रतिशत कम है. अगर ऐसा है, तो सरकार ने सिर्फ 36 विमानों का ही सौदा क्यों किया, 126 का क्यों नहीं?”
FM maintains that in the Rafale deal negotiated by NDA the price of the aircraft was cheaper by 9% or 20%. If so, why did the government buy only 36 aircraft and not 126 aircraft?
— P. Chidambaram (@PChidambaram_IN) December 15, 2018
Rafale is willing to sell 126 aircraft. According to FM price is cheaper. Then, why buy only 36 aircraft? Will someone please solve this mystery?
— P. Chidambaram (@PChidambaram_IN) December 15, 2018
इसी क्रम में उन्होंने आगे लिखा, “राफेल 126 विमान बेचना चाह रही है. वित्त मंत्री के मुताबिक़ कीमत कम है. तो फिर 36 विमान ही क्यों ख़रीदे जा रहे हैं? क्या कोई इस रहस्य को सुलझा सकता है?”
चिदंबरम ने भाजपा सरकार द्वारा किये गए इस सौदे का विरोध करते हुए कहा, “126 विमानों के बजाय 36 विमान खरीदकर सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा के साथ समझौता किया है.”
By buying only 36 aircraft when 126 aircraft are on offer, the government has gravely compromised national security.
— P. Chidambaram (@PChidambaram_IN) December 15, 2018