अपनी घोषणाओं पर जल्द अमल करे UP सरकार, आदिवासियों को मिले ज़मीन का मालिकाना हक और सुरक्षा: प्रियंका गांधी
प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार, 21 जुलाई को सोनभद्र के उम्भा में नरसंहार में मारे गए आदिवासियों के परिजनों से मुलाकात की.
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सोनभद्र दौरे के बाद कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने कहा है कि सरकार ने आज जितनी भी घोषणाएं की हैं, उनपर जल्द से जल्द अमल किया जाए. ट्विटर पर प्रियंका गांधी ने लिखा है कि आदिवासी किसानों को उनकी जमीन का मालिकाना हक दिया जाए और सरकार गांव के लोगों को पूरी सुरक्षा दे. बीते दिनों सोनभद्र में हुए नरसंहार में 10 आदिवासियों की हत्या की गई थी.
ट्विटर पर प्रियंका गांधी ने लिखा है, “उम्भा गांव के पीड़ितों की आवाज का जब कांग्रेस के हजारों कार्यकर्ताओं, न्यायपसंद लोगों ने साथ दिया तब उप्र सरकार को भी लगा कोई गम्भीर घटना घटी है. आज जो घोषणाएं की गयी हैं, उनपर जल्द अमल हो. आदिवासियों को जमीन का मालिकाना मिले और सबसे जरूरी कि गांव के लोगों को पूरी सुरक्षा हो.”
उम्भा गाँव के पीड़ितों की आवाज का जब कांग्रेस के हजारों कार्यकर्ताओं, न्यायपसंद लोगों ने साथ दिया तब उप्र सरकार को भी लगा कोई गम्भीर घटना घटी है।
आज जो घोषणाएँ की गयी हैं उनपर जल्द अमल हो। आदिवासियों को जमीन का मालिकाना मिले और सबसे जरूरी कि गाँव के लोगों को पूरी सुरक्षा हो।
— Priyanka Gandhi Vadra (@priyankagandhi) July 21, 2019
प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार, 21 जुलाई को सोनभद्र के उम्भा में नरसंहार में मारे गए आदिवासियों के परिजनों से मुलाकात की. इस दौरान मुख्यमंत्री ने पीड़ितों को हर संभव मदद करने का आश्वासन दिया.
इससे पहले कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी बीते शुक्रवार को सोनभद्र के पीड़ित परिवार से मिलने जा रही थीं. लेकिन, रास्ते में मिर्जापुर प्रशासन ने उन्हें हिरासत में ले लिया और चुनार गेस्ट हाउस में रखा. इसके विरोध में धरने पर बैठी. शनिवार को पीड़ित परिवार के लोगों ने चुनार गेस्ट हाउस पहुंच कर प्रियंका गांधी से मुलाकात की.
बता दें कि सोनभद्र में ज़मीनी विवाद को लेकर आदिवासी किसानों पर गोलीबारी की गई थी, जिसमें 10 किसान मारे गए और 24 घायल हुए थे. प्रियंका गांधी ने यूपी सरकार से घटना में मरने वाले किसानों के परिजनों को 25-25 लाख रुपये का मुआवज़ा देने और इस घटना की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में करने की मांग की है. इसके साथ ही प्रियंका गांधी ने मांग की है कि ज़मीन का मालिकाना हक आदिवासी किसानों को दिया जाए क्योंकि, उस ज़मीन पर आदिवासी किसान सालों से खेती करते आ रहे हैं.