मारे जायेंगे
जो सच-सच बोलेंगे मारे जायेंगे
मारे जाएंगे
जो सच-सच बोलेंगे मारे जाएंगे
जो इस पागलपन में शामिल नहीं होंगे
मारे जाएंगे
कठघरे में कड़े कर दिए जाएंगे
जो विरोध में बोलेंगे
जो सच-सच बोलेंगे मारे जाएंगे …
धर्म की ध्वजा उठाने जो नहीं जाएंगे
जुलूस में
गोलियां भून डालेंगी उन्हें
काफ़िर करार दिए जाएंगे
सबसे बड़ा अपराध इस समय में
निहत्थे और निरपराध होना
जो अपराधी नहीं होंगे
मारे जाएंगे
-राजेश जोशी