प्यू रिसर्च सेंटर सर्वे: BJP के 59 प्रतिशत समर्थकों ने माना- मोदीजी के कार्यकाल में कम हुए रोजगार के अवसर
सर्वे में शामिल 76 प्रतिशत लोगों ने माना है कि बेरोज़गारी भारत की सबसे बड़ी समस्या है.
अमेरिका के थिंक टैंक प्यू रिसर्च सेंटर द्वारा कराए गए 2018 ग्लोबल एटिट्यूड सर्वे के अनुसार बेराज़गारी को भारत की सबसे बड़ी समस्या माना गया है. 76% भारतीयों ने रोजगार की समस्या को सबसे बड़ा माना है. वहीं, 73% लोग महंगाई को बड़ी चुनौती मानते हैं. अन्य चुनौतियों में भ्रष्टाचार, आतंकवाद, अपराध, आय में असमानता, स्कूली शिक्षा की खराब गुणवत्ता शामिल हैं.
रिपोर्ट के अनुसार मोदी सरकार के पांच साल के कार्यकाल पर मात्र कुछ लोगों ने ही सकारात्मक प्रतिक्रिया दी है.

67 प्रतिशत लोगों का कहना है कि इन पांच सालों में नौकरी के अवसर बदतर हालात में पहुंच गए हैं. वैसी ही 67 प्रतिशत लोगों का कहना है कि मंहगाई बढ़ी हैं. वहीं, 65 प्रतिशत लोगों की राय है कि मोदी सरकार में भ्रष्टाचार में बढ़ोतरी हुई है.

इसी तरह अमीर और ग़रीब के बीच आय का अंतर, वायु प्रदुषण जैसे मामलों में आधे से अधिक लोगों ने कहा कि इन चीजों में स्थिति पहले से ख़राब हुई है. मात्र 28 प्रतिशत लोगों ने माना कि देश में सांप्रदायिक सद्भाव में सुधार हुआ है. जबकि 45 प्रतिशत लोगों ने माना कि हालात पहले की तुलना में और भी ख़राब हो गए हैं.
कांग्रेस तो कांग्रेस भारतीय जनता पार्टी के भी 59 प्रतिशत समर्थकों ने माना है कि पिछले पांच सालों में नौकरी के अवसर कम हुए हैं. वहीं, कांग्रेस के 80 प्रतिशत समर्थकों ने माना है कि रोजगार के अवसर कम हुए हैं. इसी तरह, भाजपा के 62 प्रतिशत समर्थकों का कहना है कि वस्तुओं और सेवाओं की कीमतों में पिछले 5 सालों में इज़ाफा हुआ है. जबकि कांग्रेस के 70% समर्थक भी इस बात से सहमति रखते हैं.

सर्वे के अनुसार, दो-तिहाई (64प्रतिशत) जनता ने माना कि अधिकांश राजनेता भ्रष्ट हैं. ( इनमें से 43 प्रतिशत लोगों ने मुखर होकर अपना पक्ष रखा). भाजपा और कांग्रेस के लगभग 70 प्रतिशत (69 प्रतिशत) लोगों ने माना है कि देश के नेता भ्रष्ट हैं.
यह सर्वे इस बात की पुष्टि करता है कि आगामी लोकसभा चुनावों में बेरोजगारी एक प्राथमिक मुद्दा है, और बढ़ती बेरोजगारी दर को रोकने में नरेंद्र मोदी सरकार का पांच साल विफल रहा है.
गौरतलब है कि प्यू रिसर्च सेंटर ने 23 मई से 23 जुलाई, 2018 तक भारत के 2,521 लोगों से बात करके यह सर्वे तैयार किया है.