इंडिया टुडे की चूक से एग्ज़िट पोल के नतीजे हुए लीक? देखें वायरल विडियो
इससे पहले चुनाव आयोग ने एक्जिट पोल के नतीजे दिखाने वाले तीन अन्य मीडिया हाउसों से जवाब मांगा था.
इंडिया टुडे न्यूज़ चैनल ने बीते बुधवार यानी 15 मई को टेलीविज़न पर एग्जिट पोल के नतीजों का खुलासा कर दिया. उस एक्जिट पोल में साफ़-साफ़ राजनीतिक पार्टियों के सीटों की संख्या दिखाई देती है. हालांकि यह न्यूज़ एंकर राहुल कंवल के शो में आकस्मिक ढंग से हुआ. लेकिन घटना आकस्मिक हो या नहीं, अब यह भारत के चुनाव आयोग के नियमों के उल्लंघन का मामला बन गया है.
कई सोशल मीडिया यूजर्स ने इंडिया टुडे एक्सिस माई इंडिया के एग्जिट पोल के विडियो क्लिप को शेयर किया है जिसमें एग्जिट पोल के नतीजों का खुलासा किया जा रहा है, इस विडियो क्लिप को 19 मई को प्रसारित किया जाना था.
दरअसल, विडियो क्लिप में, राहुल कंवल बताते हैं कि कैसे इंडिया टुडे और एक्सिस ने देशभर के 542 निर्वाचन क्षेत्रों में सात लाख लोगों से बात करके एग्जिट पोल के आंकड़े जमा किए हैं, इसी बीच, कैमरा बैकग्राउंड में एक डेस्कटॉप स्क्रीन पर पार्टियों के नाम के साथ उनका सीटों का नंबर दिखाई देता है.
ट्विटर पर कई लोगों ने इस विडियो क्लिप को शेयर किया है:
https://twitter.com/MyFellowIndians/status/1128948422847991808?
https://twitter.com/i_theindian/status/1128944945199345665
हालांकि, इंडिया टुडे ने बाद में दावा किया कि यह डमी डेटा था. समाचार संगठन ने ट्वीट किया, “हम इस क्लिप के बारे में आपके उत्साह को समझते हैं! आप को निराश करने के लिए क्षमा कीजिए. हम भी डेटा के लिए उत्सुकता से इंतजार कर रहे हैं. यह स्पष्ट रूप से डमी डेटा के साथ एक प्रोमो है, जो इलेक्शन न्यूस्ट्रैक पर बनाया जाता है. ”
We understand your excitement about this clip! Sorry to disappoint you. 🙃 We too are waiting anxiously for the data.This is visibly a promo with dummy data, played on #ElectionNewstrack
For the REAL thing,tune in to India Today & AajTak on May 19, 4pm onwards #AajTakAxisExitPoll pic.twitter.com/SVKVDmZx3t— IndiaToday (@IndiaToday) May 16, 2019
बता दें कि इससे पहले डेक्कन हेराल्ड से बात करते हुए सेंटर फॉर द स्टडी ऑफ़ डेवलपिंग सोसाइटीज़ (CSDS) के निदेशक संजय कुमार ने भी CSDS के एग्जिट पोल के बारे में बताया था. और तो और बुधवार को भी एबीपी के एक पत्रकार ने एग्जीट पोल को ही ट्विटर पर ट्वीट कर दिया, जिसमें भगवा पार्टी के लिए सीटों की अनुमानित संख्या का खुलासा किया गया था. हालांकि उसमें यह दावा किया गया कि यह भाजपा का आंतरिक सर्वेक्षण है. चुनाव आयोग ने कथित तौर पर ट्विटर पर एग्जिट पोल से जुड़े सभी ट्वीट को हटाने का निर्देश दिया है.
Election Commission of India has ordered Twitter India to remove all the tweets related to 2019 Lok Sabha elections exit polls. pic.twitter.com/N5ed3QW9Xd
— ANI (@ANI) May 15, 2019
फ़र्स्टपोस्ट की एक रिपोर्ट के अनुसार, चुनाव आयोग को तीन मीडिया हाउसों के ख़िलाफ़ शिकायते मिली हैं और उन्होंने इन मीडिया हाउसों से स्पष्टीकरण मांगा है कि, “क्यों न उनके ख़िलाफ़ जनप्रतिनिधित्व कानून, 1951 की धारा 126A का उल्लंघन करने के लिए कार्रवाई की जाए.”
आयोग ने एग्जिट पोल के नतीजों का ख़ुलासा करने वाले तीनों मीडिया हाउसों से 48 घंटे के भीतर जवाब मांगा है. हालांकि, इंडिया टुडे ने बाद में दावा किया कि यह डमी डेटा था. समाचार संगठन ने ट्वीट किया, “हम इस क्लिप के बारे में आपके उत्साह को समझते हैं! आप को निराश करने के लिए क्षमा कीजिए. हम भी डेटा के लिए उत्सुकता से इंतजार कर रहे हैं. यह स्पष्ट रूप से डमी डेटा के साथ एक प्रोमो है, जो इलेक्शन न्यूस्ट्रैक पर बनाया जाता है. ”
बता दें कि, जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 126 के तहत विधानसभा क्षेत्र में मतदान समाप्त होने के 48 घंटें पहले की अवधि के दौरान अन्य माध्यमों के साथ-साथ टेलीविजन या इसके जैसे अन्य संचार माध्यमों द्वारा किसी भी प्रकार की चुनाव सामग्री का प्रदर्शन प्रतिबंधित है. यदि कोई व्यक्ति इसका उल्लंघन करता है तो उसे दो साल तक जेल की सजा, जुर्माना या फ़िर सजा और जुर्माना दोनों हो सकता है.