मध्य प्रदेश: बांध में दरार आने से पांच गांव जलमग्न, प्रशासन बेपरवाह
मरम्मत के नाम पर दरारों में भरी जा रही हैं मिट्टी की बोरियां
मध्यप्रदेश के रायसेन ज़िले में प्रशासन की भारी लापरवाही देखने को मिल रही है। ज़िला मुख्यालय से केवल सात किलोमीटर दूर पिपलई गांव में बने बांध में दरार आने से आसपास के करीब पांच गांवों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है मगर प्रशासन कोई ठोस कदम उठाने की जगह केवल मिट्टी भर कर दरारों को बंद करने का काम कर रहा है।
गौरतलब है की इससे पहले भी यह बांध लापरवाही के चलते फूट चुका है जिसके कारण रायसेन शहर की हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी सहित पांच गांव प्रभावित हुए थे।
इनाडू की रिपोर्ट के मुताबिक गांव वालों ने जब इस मामले की जानकारी सिंचाई विभाग को दी तो प्रशासनिक अमला 24 घंटे बाद जाकर बांध पर पहुंचा। मरम्मत के नाम पर दरार में मिट्टी की बोरियां भर के खानापूर्ति की गई। वहीं विभाग की उप-मंडल अधिकारी प्रतिभा सिंह का कहना है कि मिट्टी के भराव के बाद बांध पूरी तरह सुरक्षित है। पिपलई बांध साल 1998 में बनकर तैयार हुआ था। 20 सालों में यह दूसरी बार है जब इस तरह से इसमे दरार आई है।