देश में प्रधानमंत्री के लिए अलग नहीं है कानून और संविधान: PM मोदी द्वारा आचार संहिता के उल्लंघन पर बोले पूर्व चुनाव आयुक्त एस वाई कुऱैशी
डॉ. एस वाई कुऱैशी ने कहा, “प्रधानमंत्री मोदी का बयान बसपा नेता मायावती और योगी आदित्यनाथ के बयान से भी चिंताजनक है.”
पूर्व चुनाव आयुक्त डॉ. एस वाई कुऱैशी ने आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन करने को लेकर प्रधानमंत्री मोदी की आलोचना की है. उन्होंने कहा है कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और अन्य नेताओं की तरह प्रधानमंत्री मोदी के ऊपर भी कार्रवाई होनी चाहिए.
एचटीएन तिरंगा टीवी के एक कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मोदी की वर्धा रैली में भाषण को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में पूर्व चुनाव आयुक्त डॉ. एस वाई कुऱैशी ने कहा, “मुझे लगता है कि प्रधानमंत्री मोदी का बयान बसपा नेता मायावती और योगी आदित्यनाथ के बयान से भी चिंताजनक है.”
एचटीएन तिरंगा टीवी के पत्रकार ने सवाल पूछा कि जब योगी आदित्यनाथ और मायावती को 48 घंटे और 72 घंटे के लिए रैली पर रोक लग सकती है, तो क्या प्रधानमंत्री मोदी के ऊपर भी इस तरह की कार्रवाई हो सकती है? इसके जवाब में पूर्व चुनाव आयुक्त ने कहा- क्या देश में प्रधानमंत्री के लिए अलग कानून है? क्या प्रधानमंत्री के लिए अलग प्रावधान हैं? इसके बाद उन्होंने कहा कि हमें दुख होता है कि चुनाव आयोग पर इस तरह के आरोप लग रहे हैं, चुनाव आयोग की विश्वसनीयता पर सवाल उठ रहे हैं. खुद प्रधानमंत्री और चुनाव आयुक्त की भी जिम्मेदारी है कि फिर से चुनाव आयोग में लोगों का विश्वास जगाया जाए.
'Is there a separate law for the Prime Minister? Is there a separate code for the Prime Minister? The Election Commission has let itself down,' Former CEC @DrSYQuraishi on #UpFrontwithKaranThapar pic.twitter.com/iiPNK2Py5P
— HTN Tiranga TV (@NewsHtn) April 16, 2019
बता दें कि प्रधानमंत्री मोदी चुनावी रैलियों में लगातार विपक्षी दलों को निशाना साधते हुए सांप्रदायिक रंग में रंगे भाषण दे रहे हैं. हाल ही में उन्होंने महाराष्ट्र के वर्धा में कांग्रेस पर निशाना साधते हुए इसी तरह के बयान दिए थे.