भाजपा कार्यालय में बदल चुका है चुनाव आयोग: केजरीवाल
किसी भी पार्टी या व्यक्ति की तुलना में देश को ज़्यादा ज़रूरी बताते हुए केजरीवाल ने पीएम मोदी को चुनाव आयोग और पुलिस जैसी संस्थाओं को अपने लाभ के लिए इस्तेमाल करने से मना किया.
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने चुनाव आयोग पर आरोप लगाते हुए कहा कि “चुनाव आयोग के भाजपा समर्थक अधिकारियों” ने आयोग को भाजपा कार्यालय में बदल डाला है. उन्हें इसके लिए इस्तीफ़ा देना चाहिए. मोदी जी ने हर संस्था को बरबाद कर दिया है. हम बीजेपी को उसकी साजिशों में सफल नहीं होने देंगे.
Ur ECs shud resign for converting EC into BJP office. Shameful Modi ji has subverted every institution. We will not allow BJP to succeed in its conspiracies
पुलिस आपकी, EC आपका – उनसे इस तरह ग़लत और गंदे काम मत करवाइए। ये देश किसी एक व्यक्ति और पार्टी से बहुत बड़ा है https://t.co/dPfc3iKhZv
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) February 10, 2019
इसके बाद से आम आदमी पार्टी और भाजपा के बीच आरोप-प्रत्यारोप का खेल शुरू हो गया है.
दिल्ली बीजेपी के अध्यक्ष मनोज तिवारी ने आरोप लगाया कि ‘आप’ के कार्यकर्ता लोगों को फ़ोन करके बता रहे हैं कि उनका नाम मतदाता सूची से हटा दिया गया है और पार्टी संयोजक उनके नामों को फिर से जोड़ रहे हैं. उन्होंने ऐसी भ्रामक फ़ोन कॉल्स को लेकर, ‘आप’ की मान्यता को रद्द करने की मांग की. तिवारी का कहना है की ये देश को गुमराह करने और संविधान के अनादर का मामला है. उन्होंने आरोपियों के खिलाफ दिल्ली पुलिस से कड़ी कार्यवाई करने की भी अपील की.
इससे पहले चुनाव आयोग ने रविवार को दिल्ली पुलिस से शहर की मतदाता सूची के बारे में लोगों को “भ्रामक” फोन करने के खिलाफ “आवश्यक कार्रवाई” करने के लिए कहा था. चुनाव अधिकारियों ने यह स्पष्ट किया था कि निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी के अलावा और कोई भी मतदाता सूची से नाम जोड़ या हटा नहीं सकता है.
ग़ौरतलब है कि भाजपा के एक प्रतिनिधिमंडल द्वारा मुख्य चुनाव आयुक्त से मुलाकात करने के एक दिन बाद, शनिवार को उनका बयान आया कि आम आदमी पार्टी (आप) इस तरह के फोन कर रही है.
इस बयान के बाद केजरीवाल की तीखी प्रतिक्रिया सामने आई. उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग को एक राजनीतिक दल का एजेंट बनने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए.