बिहार: हालात-ए-विकास, पोलिंग बूथ तक नहीं पहुंचे मतदाता, मूलभूत सुविधाओं से परेशान ग्रामीणों ने किया चुनाव बहिष्कार
मैनाटांड़ के बीडीओ राजकिशोर प्रसाद शर्मा मतदाताओं को समझाने के लिए पहुंचे. लेकिन कोई भी मतदाता वोट देने के लिए राजी नहीं हुए.
लोकसभा चुनाव के छठवें चरण के मतदान की कड़ी में बिहार के पश्चिम चंपारण ज़िले में कई जगहों पर ग्रामीणों ने चुनाव का बहिष्कार किया है.
ज़िले के गौनाहा, बाल्मीकिनगर, नरकटियागंज में मूलभूत सुविधाओं के कमी से परेशान सैकड़ों लोगों ने वोट न देने का फैसला किया है.
प्रभात ख़बर के मुताबिक, गौनाहा प्रखंड में बांध और सड़क नहीं होने के कारण मतदाताओं ने वोट का बहिष्कार किया है. वाल्मीकिनगर के बूथ संख्या 108 पर भी मूलभूत समस्याओं को लेकर मतदाताओं ने वोट का बहिष्कार किया है.
वहीं, नरकटियागंज के बूथ संख्या 79 पर पोलिंग बूथ दूर बनाए जाने को लेकर मतदाताओं में रोष व्याप्त है. इसके अलावा ठठवा गांव के मतदाताओं ने पुल की मांग को लेकर वोट का बहिष्कार किया है.
ख़बर के मुतबिक, गौनाहा प्रखंड के ग्रामीणों ने आरोप लगा, “हरपुर मंझरिया गांव पंडई नदी के किनारे बसा है. हर साल नदी के कटाव से लोग परेशान है. पंडई नदी के कटाव से कई लोग घर से बेघर हो गए.”
उन्होंने कहा, “गांव की सड़क ठीक नहीं है. आजादी के 70 साल बाद भी गांव विकास से वंचित है. हम लगातार कई वर्षों से प्रशासनिक अधिकारी से लेकर सांसद, विधायक और अन्य कई प्रतिनिधियों से गुहार लगा चुके हैं. लेकिन, हमारी बात किसी भी अधिकारी या जनप्रतिनिधि ने नहीं सुनी. इसीलिए, हम ग्रामीण मतदाताओं ने लोकसभा चुनाव का बहिष्कार किया है.”
मतदान कराने पहुंचे अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाने का काफी प्रयास किया. लेकिन एक भी ग्रामीण मतदान केंद्र पर नहीं पहुंचा.
वहीं, वाल्मीकिनगर लोकसभा क्षेत्र के बूथ संख्या 108 राजकीय प्राथमिक विद्यालय पकूहुवा पश्चिम पर मतदाताओं ने वोट बहिष्कार किया. मैनाटांड़ के बीडीओ राजकिशोर प्रसाद शर्मा मतदाताओं को समझाने के लिए पहुंचे. लेकिन कोई भी मतदाता वोट देने के लिए राजी नहीं हुए.