राफ़ेल मामले में भाजपा पाक साफ नहीं : पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा
भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने जेपीसी की मांग दोहराते हुए कहा कि राफ़ेल घोटाले को लेकर सैकड़ों सवाल उठे हैं और कांग्रेस उनके जवाब तलाशने में लगी है.
हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने राफ़ेल मामले में मोदी सरकार पर हमला बोलते हुए शुक्रवार को यहां कहा कि उच्चतम न्यायालय के फैसले से भाजपा खुद को पाक साफ बता रही है लेकिन वास्तव में ऐसा नहीं है. उन्होंने कहा कि न्यायालय ने अपने फैसले में इस सौदे के तकनीकी पहलुओं और विमान की कीमत के बारे में कुछ नहीं कहा है.
कांग्रेस के प्रदेश मुख्यालय में संवाददाताओं से बातचीत में हुड्डा ने कांग्रेस की जेपीसी की मांग दोहराते हुए कहा कि राफ़ेल की खरीद में घोटाले को लेकर सैकडों सवाल उठे हैं और उनके सरकार अब उनके जवाब तलाशने में लगी है.
उन्होंने कहा कि इस सौदे में लडाकू विमान को तयशुदा कीमत से तीन गुना अधिक कीमत पर खरीदा गया है. उन्होंने कहा कि संप्रग सरकार ने राफेल विमान की कीमत 526.1 करोड़ रुपये प्रति विमान तय की थी वहीं मौजूदा राजग सरकार ने इसे 1670.7 करोड रुपए प्रति विमान कर दिया. 36 विमानों की कीमत संप्रग सरकार के अनुसार 18940 करोड़ रुपये बनती थी जबकि राजग सरकार ने सौदा 60145 करोड रुपये में किया. इससे देश को 41,205 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है.
हुड्डा ने कहा कि कांग्रेस और देश के लोग यह जानना चाहते हैं कि चंद महीनों में ही विमान की कीमत तीन गुना कैसे हो गई. राफेल विमान के सौदे में सरकार ने ना तो तकनीकी पहलुओं और ना ही कीमत पर कोई विचार किया.
उन्होंने कहा कि न्यायालय के निर्णय के पैरा 32 और 33 में कहा गया है कि रिलायंस डिफेंस कंपनी 28 मार्च 2015 में बनी और न्यायालय को बताया गया कि दसॉल्त और रिलायस कंपनी के बीच सौदा 2012 में हो गया था. ऐसे कई विरोधाभासी तथ्य हैं जिनका उत्तर केवल संयुक्त संसदीय समिति ही निकाल सकती है.
उन्होंने कहा, ‘‘उच्चतम न्यायालय कीमत और तकनीकी मुद्दे पर नहीं जायेगा तो केवल जेपीसी एक ऐसी संस्था है जो इन मुद्दों का गहराई से अध्ययन कर सकती है. इसमें अगर सरकार दोषी नहीं है. तो सरकार इसकी जेपीसी से जांच कराने से क्यों डरती है. कांग्रेस की मांग है कि जेपीसी का गठन किया जाये और सारे तथ्य सामने आ जायेंगे.’ उन्होंने कहा, ‘‘कांग्रेस का मानना है कि जेपीसी के बिना राफेल घोटाले का सच जनता के सामने नहीं आयेगा. जेपीसी इस मामले से जुडे हर व्यक्ति और दस्तावेज को तलब कर सकती है. यह मुद्दा देश की सुरक्षा से जुडा है और संवेदनशील है.’ हुड्डा ने आरोप लगाया कि सरकार ने न्यायालय को गुमराह करने के लिये सीएजी संबंधी रिपोर्ट की गलत जानकारी दी.