छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के पहले चरण की 18 सीटों पर मतदान आरंभ
सुबह मतदान करने के लिए महिला मतदाता भी बड़ी संख्या में मतदान केंद्रों पर पहुंच गई थी. वहीं, युवा मतदाताओं में उत्साह देखा गया है.
छत्तीसगढ़ में हो रहे विधानसभा चुनाव के पहले चरण की 18 सीटों पर सोमवार सुबह मतदान प्रारंभ हो गया.
राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय के अधिकारियों ने आज यहां बताया कि पहले चरण की 10 सीटों पर आज सुबह सात बजे मतदान शुरू हुआ जबकि आठ सीटों पर एक घंटे बाद आठ बजे से मतदान प्रारंभ हुआ.
अधिकारियों ने बताया कि नक्सल प्रभावित मोहला-मानपुर, अंतागढ़, भानुप्रतापपुर, कांकेर, केशकाल, कोण्डागांव, नारायणपुर, दंतेवाड़ा, बीजापुर और कोण्टा में सुबह सात बजे मतदान शुरू हुआ तथा दोपहर तीन बजे तक मतदान होगा.
वहीं विधानसभा क्षेत्र खैरागढ़, डोंगरगढ़, राजनांदगांव, डोंगरगांव, खुज्जी, बस्तर, जगदलपुर और चित्रकोट में सुबह आठ बजे मतदान प्रारंभ हुआ और शाम पांच बजे तक मतदान होगा.
जिन विधानसभा क्षेत्रों में आज मतदान हो रहा है वहां सुबह से ही मतदाताओं की कतार लग गई थी और वे अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे. मतदान प्रारंभ होने के बाद उन्होंने अपने मताधिकार का प्रयोग किया.
सुबह मतदान करने के लिए महिला मतदाता भी बड़ी संख्या में मतदान केंद्रों पर पहुंच गई थी. वहीं, युवा मतदाताओं में उत्साह देखा गया है.
इधर मतदान को प्रभावित करने के लिए नक्सल प्रभावित दंतेवाड़ा जिले में नक्सलियों ने बारूदी सुरंग में विस्फोट किया.
राज्य के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने बताया कि दंतेवाड़ा जिले में नक्सलियों ने बारूदी सुरंग में विस्फोट कर सुरक्षा बलों को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की.
अधिकारियों ने बताया कि जिले के तुमाकपाल-नयानार मार्ग पर नक्सलियों ने विस्फोट किया. इस घटना में किसी के भी हताहत होने की सूचना नहीं है. मतदान दल सुरक्षित मतदान केंद्र तक पहुंच गया था.
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय के अधिकारियों ने बताया कि राज्य की जिन 18 सीटों के लिये आज मतदान हो रहा है उसमें से 12 बस्तर क्षेत्र की और छह सीटें राजनांदगांव जिले की हैं. इन 18 विधानसभा सीट के लिए कुल 190 उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं, जिनकी किस्मत का फैसला यहां के 31,80,014 मतदाता करेंगे. इनमें से पुरुष मतदाताओं की संख्या 15,57,435 तथा महिला मतदाताओं की संख्या 16,22,492 है. वहीं 87 मतदाता तृतीय लिंग के हैं.
अधिकारियों ने बताया कि प्रथम चरण में कुल मतदान केन्द्रों की संख्या 4336 है.
उन्होंने बताया कि राज्य के नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में मतदान होने के कारण सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं तथा सुरक्षा बल के लगभग सवा लाख जवानों को तैनात किया गया है.
निर्वाचन अधिकारियों ने बताया कि राज्य में चुनाव कार्य के लिए केंद्र से लगभग 65 हजार जवानों को यहां भेजा गया है, जिनमें अर्धसैनिक बल और पुलिस बल के जवान शामिल हैं. क्षेत्र में सुरक्षा बल के जवान लगातार गश्त में हैं तथा पड़ोसी राज्यों की पुलिस के साथ भी बेहतर तालमेल बनाकर अभियान चलाया जा रहा है. क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए मोबाइल चेक पोस्ट भी बनाया गया है.
पहले चरण की 18 सीटों में से 12 सीट अनुसूचित जनजाति के लिए तथा एक सीट अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित है.
जिन 18 सीटों पर आज मतदान हो रहा है उनमें से मुख्यमंत्री रमन सिंह की सीट राजनांदगांव पर देश भर की नजर है. इस सीट पर सिंह के खिलाफ पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की भतीजी करूणा शुक्ला चुनाव मैदान में है. शुक्ला को सिंह के खिलाफ प्रत्याशी बनाकर कांग्रेस ने वाजपेयी के नाम पर भाजपा को मिलने वाले वोटों पर सेंध लगाने की कोशिश की है.
वहीं, पहले चरण के मतदान में मंत्री केदार कश्यप और महेश गागड़ा नारायणपुर और बीजापुर से चुनाव मैदान में हैं तथा भाजपा सांसद विक्रम उसेंडी अंतागढ़ सीट से उम्मीदवार हैं.
इधर कांग्रेस के नौ विधायक भानुप्रतापपुर से मनोज सिंह मंडावी, कोंडागांव से मोहन लाल मरकाम, बस्तर से लखेश्वर बघेल, चित्रकोट से दीपक कुमार बैज, दंतेवाड़ा से देवती कर्मा, कोंटा से कवासी लखमा, खैरागढ़ से गिरिवर जंघेल, केशकाल से संतराम नेताम और डोंगरगढ़ से दलेश्वर साहू के भाग्य का फैसला भी आज क्षेत्र के मतदाता करेंगे.
राज्य में विधानसभा चुनाव की घोषणा के साथ ही यहां जीत के लिए सभी राजनीतिक दलों ने अपनी ताकत झोंक दी है. पिछले चुनाव में सत्तारूढ़ भाजपा को बस्तर और राजनांदगांव क्षेत्र की 18 सीटों में से केवल छह सीटों पर ही जीत मिली थी. राजनीतिक दलों ने यहां कई रैलियां की हैं.
छत्तीसगढ़ में अभी तक भाजपा और कांग्रेस के मध्य मुकाबला होता आया है. लेकिन इस बार पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी की पार्टी जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ :जे: और बहुजन समाज पार्टी गठबंधन भी चुनाव मैदान में है.
गठबंधन के कारण कई सीटों पर त्रिकोणीय मुकाबला होने की संभावना है.
राज्य में 20 नवंबर को शेष 72 सीटों के लिए वोट डाले जाएंगे. वहीं वोटों की गिनती 11 दिसंबर को होगी.
छत्तीसगढ़ में भाजपा पिछले 15 वर्षों से सत्ता में है और इस बार उसने 90 में से 65 सीटें जीतकर चौथी बार सरकार बनाने का लक्ष्य रखा है. वहीं, कांग्रेस को भरोसा है इस बार उसे जीत मिलेगी और 15 वर्ष से चला आ रहा उसका वनवास समाप्त होगा.