May a good source be with you.

देश को दांव पर लगाकर रिज़र्व बैंक के साथ तानाशाही कर रही है मोदी सरकार: आरबीआई कर्मचारी संघ

आरबीआई डिप्टी गवर्नर ने कहा है कि जो सरकारें देश के केन्द्रीय बैंक की स्वायतता का सम्मान नहीं करतीं, उन्हें देर-सवेर आर्थिक बाज़ारों की मार झेलनी पड़ती है.

अखिल भारतीय रिज़र्व बैंक कर्मचारी संघ ने कहा है कि मोदी सरकार रिज़र्व बैंक के ऊपर तानाशाही रवैया दिखा रही है. कर्मचारी संघ ने आरबीआई और सरकार के बीच चल रही खींचतान पर चिंता व्यक्त करते हुए शीर्ष बैंक के लिए स्वायतता की मांग भी की है.

सोमवार को जारी एक बयान में संघ ने कहा कि देश के सेंट्रल बैंक को कमज़ोर करना विपत्ति को निमंत्रण देने जैसा है, सरकार को ऐसी स्थिति से बचना चाहिए. उन्होंने कहा, ‘सरकार और आरबीआई दोनों को मिलकर इस मामले को सुलझा लेनी चाहिए. सरकार आरबीआई के ऊपर तानाशाही रुख अपनाकर देश को दांव पर लगाने की कोशिश कर रही है.’

‘प्रभावी स्वतंत्रता’ की पैरवी करते हुए आरबीआई के डिप्टी गवर्नर विरल आचार्य ने कहा है कि जो सरकारें देश के केन्द्रीय बैंक की स्वायतता का सम्मान नहीं करतीं, उन्हें देर-सवेर आर्थिक बाज़ारों की मार झेलनी ही पड़ती है.

27 अक्टूबर को ए डी श्रॉफ मेमोरियल लेक्चर को संबोधित करते हुए, आचार्य ने कहा था, ‘ देश के लिए आरबीआई की प्रभावी स्वतंत्रता मायने रखती है, जिससे इन शक्तियों (आरबीआई या किसी भी सेंट्रल बैंक के संचालन के लिए अनुच्छेद में उल्लेखित) का इस्तेमाल किया जाए.’

पीटीआई इनपुट्स पर आधारित.

You can also read NewsCentral24x7 in English.Click here
+